युवक के डायगोनिस्ट सेंटर में गलत इलाज से मौत को लेकर शनिवार देर शाम को BHU मुख्य द्वार पर परिजनों ने शव रखकर प्रदर्शन किया। परिजनों का आरोप है कि मृतक आकाश कुमार का लंका स्थित निजी डायगोनिस्ट सिटी स्कैन कराने आये थे। बाद में डॉक्टरों ने कोई इंजेक्शन लगा दिया जिससे स्वस्थ बच्चे की दस मिनट में मौत हो गयी। बाद में कई थानों की फोर्स, सीओ भेलूपुर ने समझा बुझाकर बॉडी को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
क्या था पूरा मामला, जिसपर परिजन भड़के
गुरुवार को कपसेठी थाना क्षेत्र के सरावा गांव के बच्चन राम अपने बेटे आकाश कुमार का सिटी स्कैन कराने लंका स्थित एक डायगोनिस्ट सेंटर आये थे। परिजनों का आरोप है कि स्वस्थ बच्चा गलत इंजेक्शन के चलते मर गया। डॉक्टर पहले बोले ले जाओ जला दो। जब विरोध हुआ तो बॉडी BHU मोर्चरी भिजवा दिया।
गुरुवार से शनिवार हो गया बच्चे का पोस्टमार्टम नही हुआ। हंगामे के बाद जब शनिवार शाम को बॉडी पोस्टमार्टम हाउस जा रही थी। परिजनों बॉडी को जबरदस्ती लेकर सिंह द्वार चले आये और प्रदर्शन शुरू कर दिये। परिजनों को न्याय दिलाने BHU के कई छात्र भी पहुंच गये। परिजनों का आरोप था कि पुलिस भी जानबूझकर कार्रवाई नही कर रही है।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3n9PowU
via IFTTT

0 Comments